WhatsApp New Security Features: WhatsApp इस्तेमाल करते हैं तो जान लें ये नया अपडेट, Passkey, Password और Unknown Calls में हुआ बड़ा बदलाव…! – जानिए नए सिक्योरिटी फीचर्स कैसे करेंगे काम

WhatsApp New Security Features: के तहत अब यूजर्स एक से ज्यादा Passkey जोड़ सकेंगे, Two-Step Verification में मजबूत Password सेट कर सकेंगे और Android पर Unknown Calls की ज्यादा जानकारी देख सकेंगे। जानिए नए सिक्योरिटी फीचर्स कैसे काम करेंगे।

WhatsApp New Security Features अकाउंट सिक्योरिटी को लेकर बड़ा अपडेट

WhatsApp आज सिर्फ चैट और कॉलिंग का ऐप नहीं रह गया है। परिवार, दोस्तों और काम से जुड़ी बातचीत के अलावा लोग इसका इस्तेमाल जरूरी डॉक्यूमेंट, फोटो, लोकेशन और दूसरी निजी जानकारी शेयर करने के लिए भी करते हैं। ऐसे में WhatsApp अकाउंट की सुरक्षा बेहद महत्वपूर्ण हो जाती है।

इसी को ध्यान में रखते हुए WhatsApp ने अगस्त 2026 में अकाउंट सिक्योरिटी से जुड़े कई नए फीचर्स की घोषणा की है। कंपनी के मुताबिक अब यूजर्स एक WhatsApp अकाउंट के साथ एक से ज्यादा Passkey जोड़ सकेंगे। इसके अलावा Two-Step Verification में पहले इस्तेमाल होने वाले छह अंकों के PIN को ज्यादा मजबूत Password से बदलने का विकल्प दिया जा रहा है।

Android यूजर्स के लिए Unknown Calls में भी एक उपयोगी बदलाव किया गया है। अब किसी अनजान नंबर से कॉल आने पर WhatsApp कुछ अतिरिक्त जानकारी दिखाएगा, जिससे यूजर को कॉल उठाने से पहले बेहतर अंदाजा लगाने में मदद मिल सकेगी।

WhatsApp के नए सिक्योरिटी फीचर्स में क्या बदला?

WhatsApp ने इस बार मुख्य रूप से अकाउंट की सुरक्षा और संदिग्ध कॉल की पहचान को बेहतर बनाने पर ध्यान दिया है। नए बदलावों को तीन हिस्सों में समझा जा सकता है।

नया फीचरक्या बदलाव हुआकिसके लिए
Multiple Passkeysएक अकाउंट में एक से ज्यादा Passkey जोड़ने की सुविधाAndroid और iPhone
Strong PasswordTwo-Step Verification में छह अंकों के PIN की जगह लंबा PasswordWhatsApp यूजर्स
Unknown Caller Contextअनजान कॉलर के बारे में अतिरिक्त जानकारीAndroid यूजर्स

 

WhatsApp के मुताबिक एक अरब से ज्यादा यूजर्स अब तक Passkey का इस्तेमाल कर चुके हैं। कंपनी का कहना है कि Passkey यूजर को फिंगरप्रिंट, Face ID या फोन के Screen Lock के जरिए अकाउंट की पुष्टि करने की सुविधा देता है।

Multiple Passkey क्या है और इससे क्या फायदा होगा?

Passkey आज के समय में Password और SMS Code पर निर्भरता कम करने वाली आधुनिक लॉगिन तकनीक है। WhatsApp में इसका इस्तेमाल अकाउंट को दोबारा वेरिफाई करने के लिए किया जा सकता है।

पहले किसी WhatsApp अकाउंट के साथ एक Passkey तक सीमित स्थिति हो सकती थी। अब कंपनी ने एक से ज्यादा Passkey जोड़ने की सुविधा शुरू की है। इसका सबसे बड़ा फायदा उन लोगों को हो सकता है जो एक से ज्यादा डिवाइस इस्तेमाल करते हैं।

मान लीजिए आपके पास एक Android स्मार्टफोन और एक iPhone है। ऐसे में अलग-अलग डिवाइस पर उपलब्ध सुरक्षित ऑथेंटिकेशन तरीके के साथ अकाउंट को मैनेज करना ज्यादा सुविधाजनक हो सकता है।

WhatsApp के अनुसार Passkey में फिंगरप्रिंट, Face ID या डिवाइस का Screen Lock इस्तेमाल किया जा सकता है। इसका मतलब यह है कि हर बार पारंपरिक SMS Code या PIN याद रखने की जरूरत कम हो सकती है।

Passkey कैसे काम करता है?

Passkey का सबसे बड़ा फायदा यह है कि इसमें यूजर की पहचान डिवाइस पर मौजूद सुरक्षित ऑथेंटिकेशन तरीके से की जाती है। उदाहरण के लिए अगर आपके फोन में Fingerprint Unlock है, तो Passkey के जरिए पहचान की पुष्टि करने के लिए उसी का इस्तेमाल किया जा सकता है।

इससे किसी व्यक्ति के लिए केवल Password या Verification Code हासिल करके अकाउंट तक पहुंचना मुश्किल हो सकता है। हालांकि, फोन का Screen Lock मजबूत रखना फिर भी बेहद जरूरी है।

WhatsApp में Passkey से जुड़ी सेटिंग्स के लिए Settings में जाकर Account और फिर Passkeys विकल्प देखा जा सकता है। फीचर उपलब्ध होने पर यहीं से Passkey को मैनेज किया जा सकता है।

Two-Step Verification में अब PIN की जगह मजबूत Password

WhatsApp ने Two-Step Verification को भी पहले के मुकाबले मजबूत बनाने की दिशा में बदलाव किया है।

अब तक Two-Step Verification के लिए छह अंकों का PIN इस्तेमाल किया जाता था। नया सिस्टम यूजर्स को ज्यादा लंबा Password रखने की सुविधा देता है। इसमें अक्षर, नंबर और Special Characters का इस्तेमाल किया जा सकता है।

इस बदलाव का मकसद साफ है। छह अंकों के छोटे PIN की तुलना में लंबा और जटिल Password अनुमान लगाना ज्यादा मुश्किल होता है।

यहां एक महत्वपूर्ण बात समझना जरूरी है कि Two-Step Verification और SMS Verification एक ही चीज नहीं हैं। WhatsApp अकाउंट सेटअप या दोबारा रजिस्ट्रेशन के दौरान मिलने वाला One-Time Code अपनी जगह रहता है, जबकि Two-Step Verification अतिरिक्त सुरक्षा परत के तौर पर काम करता है।

यानी अगर किसी तरह किसी व्यक्ति को One-Time Code मिल भी जाए, तो अतिरिक्त सुरक्षा के तौर पर Two-Step Verification का Password अकाउंट सुरक्षा में मदद कर सकता है। WhatsApp ने भी अपने नए अपडेट में इसी अतिरिक्त सुरक्षा परत को मजबूत करने पर जोर दिया है।

Password बनाते समय कौन सी गलती न करें?

अगर आपके WhatsApp अकाउंट में नया Password विकल्प उपलब्ध हो गया है, तो बहुत आसान Password रखने से बचना चाहिए।

अपना नाम, जन्मतिथि, मोबाइल नंबर या 123456 जैसी आसान जानकारी Password में इस्तेमाल करना सही तरीका नहीं है।

बेहतर होगा कि Password ऐसा रखा जाए जिसे दूसरे व्यक्ति के लिए अनुमान लगाना मुश्किल हो। साथ ही इसे किसी के साथ शेयर नहीं करना चाहिए।

WhatsApp की सुरक्षा केवल ऐप के फीचर्स पर निर्भर नहीं करती। फोन का Screen Lock, ईमेल अकाउंट, SIM और दूसरे जुड़े हुए अकाउंट भी सुरक्षित रखना जरूरी है।

Unknown Calls में Android यूजर्स को मिलेगी ज्यादा जानकारी

WhatsApp का तीसरा बड़ा बदलाव Unknown Calls से जुड़ा है।

अगर आपके Contacts में सेव नहीं किए गए किसी नंबर से WhatsApp Call आती है, तो Android यूजर्स को अब कॉलर के बारे में कुछ अतिरिक्त संदर्भ दिखाई दे सकता है।

WhatsApp के मुताबिक इसमें यह जानकारी शामिल हो सकती है कि नंबर किसी दूसरे देश से है या नहीं और क्या वह व्यक्ति आपके साथ किसी WhatsApp Group में शामिल है।

इस फीचर का उद्देश्य कॉल को अपने आप सुरक्षित या खतरनाक घोषित करना नहीं है। इसका मकसद यूजर को कॉल रिसीव करने से पहले कुछ अतिरिक्त जानकारी देना है।

उदाहरण के लिए अगर कोई अनजान नंबर कॉल करता है और आपको पता चलता है कि वह व्यक्ति आपके किसी ग्रुप का सदस्य है, तो आप संदर्भ के आधार पर तय कर सकते हैं कि कॉल उठानी है या नहीं।

वहीं अगर नंबर किसी दूसरे देश से है और आपका उससे कोई परिचित संबंध नहीं है, तो आप ज्यादा सावधानी बरत सकते हैं।

क्या Unknown Call आने का मतलब Scam है?

नहीं। किसी Unknown Number से आने वाली हर कॉल को Scam कहना सही नहीं होगा।

कई बार बैंक, डिलीवरी एजेंट, नया परिचित, ऑफिस से जुड़ा व्यक्ति या किसी ग्रुप का सदस्य भी आपके Contacts में सेव नहीं होता। इसलिए Unknown Call का मतलब केवल इतना है कि नंबर आपकी Contact List में सेव नहीं है।

फिर भी अनजान कॉल के दौरान व्यक्तिगत जानकारी साझा करने से बचना चाहिए। खासकर OTP, बैंकिंग जानकारी, UPI PIN, Password या किसी तरह का Verification Code किसी को नहीं देना चाहिए।

WhatsApp का नया फीचर केवल अतिरिक्त जानकारी देता है। अंतिम फैसला यूजर को ही लेना होगा।

नए अपडेट से Scam और Account Takeover पर कैसे लग सकती है रोक?

आजकल ऑनलाइन फ्रॉड में Social Engineering का इस्तेमाल तेजी से किया जाता है। अपराधी अक्सर खुद को किसी भरोसेमंद व्यक्ति, कंपनी या संस्था का कर्मचारी बताकर यूजर से जानकारी हासिल करने की कोशिश करते हैं।

कई मामलों में सबसे पहले अकाउंट का Verification Code हासिल करने की कोशिश होती है। इसके बाद अलग-अलग तरीकों से यूजर को अतिरिक्त सुरक्षा जानकारी बताने के लिए मजबूर किया जा सकता है।

Multiple Passkey और मजबूत Two-Step Verification Password जैसे फीचर अकाउंट सुरक्षा को अतिरिक्त स्तर दे सकते हैं।

इसी तरह Unknown Caller Context यूजर को बिना सोचे-समझे कॉल रिसीव करने से पहले थोड़ा समय दे सकता है।

WhatsApp का कहना है कि कंपनी लगातार अकाउंट सुरक्षा के लिए नए तरीके विकसित कर रही है और बातचीत की सुरक्षा के लिए End-to-End Encryption डिफॉल्ट रूप से मौजूद है।

WhatsApp यूजर्स के लिए जरूरी सुरक्षा सावधानियां

नए फीचर्स उपयोगी हैं, लेकिन यूजर्स को अपनी तरफ से भी कुछ सावधानियां रखनी चाहिए।

सबसे जरूरी बात यह है कि WhatsApp का Verification Code कभी किसी के साथ शेयर न करें। कोई व्यक्ति अगर खुद को WhatsApp कर्मचारी, बैंक अधिकारी या किसी परिचित के रूप में पेश करके Code मांगता है, तो भी उसे यह जानकारी नहीं देनी चाहिए।

इसी तरह Two-Step Verification का Password निजी रखना चाहिए और उसे दूसरे अकाउंट के Password से अलग रखना बेहतर होता है।

अगर किसी अनजान व्यक्ति की कॉल संदिग्ध लगे, तो बातचीत जारी रखने के बजाय कॉल काटना और जरूरत पड़ने पर नंबर को Block तथा Report करना बेहतर विकल्प हो सकता है।

नया फीचर कब मिलेगा?

WhatsApp ने इन सिक्योरिटी फीचर्स को रोलआउट करना शुरू कर दिया है। इसका मतलब यह नहीं है कि हर यूजर के फोन में ये विकल्प एक ही समय पर दिखाई देंगे।

WhatsApp के फीचर्स अक्सर चरणबद्ध तरीके से उपलब्ध कराए जाते हैं। इसलिए कुछ यूजर्स को नया Passkey या Password विकल्प पहले दिखाई दे सकता है, जबकि दूसरे यूजर्स को थोड़ा इंतजार करना पड़ सकता है।

अगर आपके फोन में फीचर अभी नहीं दिख रहा है, तो WhatsApp का नया अपडेट उपलब्ध है या नहीं, यह App Store या Google Play Store से जांच सकते हैं।

WhatsApp को अपडेट करने के बाद क्या करें?

ऐप अपडेट करने के बाद WhatsApp की Settings खोलें और Account सेक्शन में जाकर Passkeys और Two-Step Verification के विकल्प देखें।

अगर Multiple Passkey का विकल्प उपलब्ध है, तो आप अपने इस्तेमाल के अनुसार अतिरिक्त Passkey जोड़ सकते हैं।

Two-Step Verification में नया Password विकल्प दिखाई दे तो ऐसा Password चुनें जिसे आसानी से अनुमान न लगाया जा सके।

Android यूजर्स को Unknown Calls के दौरान मिलने वाली नई जानकारी पर भी ध्यान देना चाहिए। हालांकि इस जानकारी को केवल एक संकेत की तरह लेना चाहिए, किसी कॉल की सुरक्षा की गारंटी के रूप में नहीं।

WhatsApp का नया अपडेट कितना महत्वपूर्ण है?

WhatsApp के ये बदलाव देखने में छोटे लग सकते हैं, लेकिन अकाउंट सुरक्षा के नजरिए से इनका महत्व काफी ज्यादा है।

Multiple Passkey उन लोगों के लिए खासतौर पर उपयोगी हो सकता है जो एक से ज्यादा डिवाइस इस्तेमाल करते हैं। वहीं छह अंकों के PIN की जगह ज्यादा मजबूत Password का विकल्प Two-Step Verification को अधिक सुरक्षित बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण बदलाव है।

Android पर Unknown Calls की अतिरिक्त जानकारी भी रोजमर्रा के इस्तेमाल में उपयोगी साबित हो सकती है। इससे यूजर को अनजान कॉल के बारे में फैसला लेने से पहले थोड़ा अधिक संदर्भ मिलेगा।

हालांकि किसी भी सिक्योरिटी फीचर को 100 प्रतिशत सुरक्षा की गारंटी नहीं समझना चाहिए। मजबूत Device Lock, सुरक्षित Password, Two-Step Verification और संदिग्ध लोगों से दूरी—इन सभी का मिलकर इस्तेमाल करना ज्यादा बेहतर सुरक्षा देता है।

निष्कर्ष

WhatsApp ने अगस्त 2026 में अपने सिक्योरिटी सिस्टम को मजबूत करने के लिए तीन महत्वपूर्ण बदलाव पेश किए हैं। अब यूजर्स एक से ज्यादा Passkey जोड़ सकते हैं, Two-Step Verification के लिए ज्यादा मजबूत Password का इस्तेमाल कर सकते हैं और Android पर Unknown Calls के दौरान अतिरिक्त जानकारी देख सकते हैं।

इन बदलावों का मकसद केवल नए फीचर जोड़ना नहीं, बल्कि अकाउंट चोरी, फर्जी कॉल और Social Engineering जैसे जोखिमों के खिलाफ यूजर्स को ज्यादा नियंत्रण देना है।

अगर आपके WhatsApp में ये फीचर्स उपलब्ध हो गए हैं, तो उन्हें नजरअंदाज करने के बजाय अपनी जरूरत के अनुसार सक्रिय करना बेहतर रहेगा। साथ ही यह याद रखना जरूरी है कि कोई भी कंपनी का सिक्योरिटी फीचर यूजर की सावधानी का विकल्प नहीं हो सकता।

Leave a Comment